माननीय मंत्री श्री अमन अरोड़ा जी को बहुत मानती थी एडवोकेट पुष्प सिंगला जी। उनके पिता भगवान दास अरोड़ा जी के समय से ही उनसे पारिवारिक रिश्ते बने हुए थे। चुनाव में भी उनसे बहुत सहयोग किया, वे भी रिश्तेदार की तरह सम्मान करते।

“जब तक सूरज चांद रहेगा, पुष्प सिंगला का नाम रहेगा।”






